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दो स्ट्रोक व चार स्ट्रोक इंजन में अंतर

इंजन (Engine) किसे कहते हैं? इंजन के भाग

दोस्तों, आईटीआई कोर्स डॉट कॉम में आपका स्वागत है, आज की इस पोस्ट में दो स्ट्रोक व चार स्ट्रोक इंजन में अंतर के बारे में बताया है। यदि आप जानकारी पाना चाहते हो तो पोस्ट को पढ़िए और जानकारी प्राप्त कीजिए।

दो स्ट्रोक व चार स्ट्रोक इंजन में अंतर

इंजन (Engine) किसे कहते हैं? इंजन के भाग
Engine

यह अंतर निम्न प्रकार से हैं-

  • दो स्ट्रोक में पोर्ट होती है और चार स्ट्रोक में वाल्व होता है।
  • क्रैंक शाफ्ट- दो स्ट्रोक में स्पलिट अप होती है और चार स्ट्रोक में मोनो ब्लॉक होता है।
  • दो स्ट्रोक में क्रैंक केस सील्ड होता है और चार स्ट्रोक में क्रैंक चैम्बर के नीचे सम्प लगता है।
  • दो स्ट्रोक में कनेक्टिंग रॉड सिंगल पीस होती है और चार स्ट्रोक में कनेक्टिंग रॉड स्पलिट अप टाइप होती है।
  • बियरिंग- दो स्ट्रोक इंजन में त्री-लुब्रीकेटिंग बियरिंग लगते हैं और चार स्ट्रोक में शैल टाइप फ्रिक्शनल बियरिंग लगते हैं।
  • दो स्ट्रोक में पिस्टन डोम हैड होता है और चार स्ट्रोक में फ्लैट हैड पिस्टन होता है।
  • टू स्ट्रोक इंजन कम स्थान घेरते हैं और फोर स्ट्रोक इंजन अधिक स्थान घेरते हैं।
  • दो स्ट्रोक इंजन में वायु शीतलित सिलेण्डर हैड और ब्लॉक होता है। तथा चार स्ट्रोक इंजन में जल शीतलित (water cooled) किस्म के होते हैं।
  • दो स्ट्रोक में फ्लाईव्हील छोटा व हल्का होता है। चार स्ट्रोक में फ्लाईव्हील बड़े व्यास का व भारी होता है।
  • टू स्ट्रोक इंजन का डिजाइन साधारण होता है और फोर स्ट्रोक इंजन का वाटर जैकेट्स के कारण डिजाइन कठिन होता है।
  • दो स्ट्रोक इंजन में प्रति सिलेण्डर एक स्ट्रोक में कई क्रियाएँ होती हैं और चार स्ट्रोक इंजन में एक स्ट्रोक में एक ही क्रिया होती है।
  • दो स्ट्रोक इंजन में ईंधन जलने का कम समय होता है और फोर स्ट्रोक इंजन में काफी समय मिलने से कम्बशन पूरा होता है।
  • टू स्ट्रोक में एग्जॉस्ट पोर्ट शीघ्र बन्द होती है और चार स्ट्रोक में साइलेन्सर काफी देर काम करता है।
  • दो स्ट्रोक इंजन में क्रैंक शाफ्ट के प्रति चक्कर पर प्रति सिलेण्डर एक स्पार्क मिलता है और चार स्ट्रोक इंजन में प्रति दो चक्करों पर प्रति सिलेण्डर एक स्पार्क मिलता है।
  • दो स्ट्रोक इंजन में अधूरे कम्बशन से निश्चित हॉर्स पावर के लिए प्रति आउटपुट 50 से 60% मिलती है और चार स्ट्रोक इंजन में पूरे कम्बशन से निश्चित हॉर्स पावर के लिए प्रति लीटर आउटपुट 100% होती है।

दोस्तों, यदि आपको दो स्ट्रोक व चार स्ट्रोक इंजन में अंतर पोस्ट अच्छी लगी हो तो कमेंट करके बताएं और हमसे जुड़ने के लिए टेलीग्राम चैनल को ज्वॉइन करें।

More Information:- पिस्टन (Piston) किसे कहते हैं?

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